खजुराहो का मातंगेश्वर मंदिर एक अनोखे शिवलिंग के लिए प्रसिद्ध है। मान्यता है कि यह शिवलिंग हर साल बढ़ता है। आखिर क्या है इसका रहस्य?
मरकत मणि का पौराणिक रहस्य
पौराणिक कथा के अनुसार, भगवान शिव की दिव्य मणि राजा हर्षवर्धन तक पहुँची और मातंगेश्वर क्षेत्र में स्थापित हुई। इसी से जुड़ी है जीवित शिवलिंग की कथा।
धरती और आकाश की ओर बढ़ता शिवलिंग
स्थानीय मान्यता है कि मातंगेश्वर शिवलिंग ऊपर और नीचे दोनों दिशाओं में बढ़ता है। इसे कलियुग के अंत से भी जोड़ा जाता है, हालांकि इसका वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
दूसरे मंदिरों से क्यों अलग है?
खजुराहो के कई मंदिर ऐतिहासिक स्मारक हैं, लेकिन मातंगेश्वर मंदिर में आज भी नियमित पूजा-अर्चना होती है। यही इसकी विशेष पहचान है।
हजार साल पुरानी अद्भुत वास्तुकला
मातंगेश्वर मंदिर का निर्माण चंदेल काल में हुआ माना जाता है। इसकी सादगी, ऊँचा शिवलिंग और प्राचीन स्थापत्य इसे विशेष बनाते हैं।
जब महादेव बनते हैं दूल्हा
महाशिवरात्रि पर मातंगेश्वर महादेव का भव्य शृंगार होता है। स्थानीय परंपरा में शिवजी को दूल्हे के रूप में सजाया जाता है और उत्सव मनाया जाता है।
क्या आप करेंगे इस मंदिर के दर्शन?
खजुराहो का मातंगेश्वर मंदिर इतिहास, आस्था और रहस्यमयी मान्यताओं का संगम है।क्या आप यहाँ दर्शन करना चाहेंगे?कमेंट करें हर हर महादेव और ऐसे रहस्यों के लिए हमें फॉलो करें।