क्या आप जानते हैं?
श्रीशैलम में शिव और शक्ति दोनों की उपासना होती है।
मल्लिकार्जुन नाम का रहस्य
“मल्लिका” माता पार्वती और “अर्जुन” भगवान शिव का प्रतीक माना जाता है।
श्रीशैलम के 3 रहस्य
रंग बदलता शिवलिंग, भ्रामरांबा मंदिर और साक्षी गणपति इस धाम को खास बनाते हैं।
कार्तिकेय की कथा
मान्यता है कि कार्तिकेय के क्रोध को शांत करने शिव-पार्वती श्रीशैलम पहुंचे थे।
साक्षी गणपति
कहा जाता है कि यहां गणपति भक्तों की यात्रा के साक्षी बनते हैं।
नाथ सिद्धों का रहस्य
श्रीशैलम को प्राचीन साधना और रस-शास्त्र परंपरा से भी जोड़ा जाता है।
कुंडली दोष से जुड़ी मान्यता
भक्त यहां मंगल और चंद्र से जुड़े दोषों की शांति के लिए पूजा करते हैं।
श्रीशैलम कैसे पहुंचें?
हैदराबाद से सड़क मार्ग और मरकापुर रोड नजदीकी प्रमुख रेलवे स्टेशन है।
अंत में
महादेव में आस्था है तो कमेंट में लिखें — ॐ नमः शिवाय
और ऐसी धार्मिक जानकारियों के लिए Follow करें।